युद्धाभ्यास के जरिए मानी जा रही चीन की चेतावनी?, ताइवान की सीमा में लगातार तीसरे दिन घुसे चीनी विमान और पोत

ताइपे।

ताइवान के रक्षा मंत्रालय (एमएनडी) ने सोमवार को बताया कि पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) के सात विमानों और पीएलए नौसेना (पीएलएएन) के सात जहाजों ने उनकी सीमा में प्रवेश किया। गौरतलब है कि लगातार तीसरे दिन चीन के विमानों और पोत ने ताइवान की संप्रभुता का उल्लंघन किया है।

ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि चीन के छह विमान ताइवान जलडमरूमध्य की मध्य रेखा को पार कर ताइवान के दक्षिण-पश्चिमी और पूर्वी वायु रक्षा पहचान क्षेत्र (एडीआईजेड) में प्रवेश कर गए। सोशल मीडिया मंच एक्स पर साझा एक पोस्ट में ताइवानी रक्षा मंत्रालय ने लिखा, 'ताइवान के आसपास 7 पीएलए विमान, 7 पीएलएएन जहाज और 1 आधिकारिक जहाज को सोमवार सुबह छह बजे देखा गया।' इससे पहले रविवार और शनिवार को भी चीनी विमानों और जहाजों ने ताइवान की सीमा का उल्लंघन किया था। चीन द्वारा बीते दिनों ताइवान के आसपास बड़े पैमाने पर युद्धाभ्यास भी किया गया था। इस युद्धाभ्यास को चीन की ताइवान को चेतावनी के रूप में देखा गया था। पीएलए के जवाब में ताइवान ने भी रणनीतिक स्थानों पर युद्ध की तैयारी का अभ्यास किया था।

क्या कुछ बड़ा करने वाले हैं जिनपिंग?
हाल ही में नए साल पर देश को संबोधित करते हुए चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने खुलेआम ताइवान को धमकी दी थी और कहा था कि 'ताइवान को चीन के साथ मिलने से कोई नहीं रोक सकता और चीन अपनी कोशिशों को जारी रखेगा।' जिनपिंग ने कहा कि 'चीन और ताइवान के लोग एक ही परिवार हैं। कोई भी हमारे पारिवारिक बंधन को नहीं तोड़ सकता।' जिनपिंग के हालिया बयान और चीनी सेना की गतिविधियों को देखते हुए आशंका जताई जा रही है कि चीन कुछ बड़ा करने की तैयारी कर रहा है। चीन और ताइवान के बीच संप्रभुता एक जटिल और लंबे समय से चला आ रहा मुद्दा है। चीन, ताइवान को अपना ही हिस्सा मानता है, लेकिन ताइवान खुद को स्वतंत्र राष्ट्र मानता है। बीजिंग ने ताइवान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अलग-थलग करने के लिए कूटनीतिक, आर्थिक और सैन्य दबाव बनाया हुआ है और ताइवान को अपने साथ मिलाने का लगातार दावा कर रहा है।

 

#Taiwan#China aircraft

Source : Agency

7 + 8 =

ANKUR PANDEY(Owner/Editor)

Email: [email protected]

Mobile: 9200444084

C.G Office Add: Khairagarh, Chhuikhadan Gandai, KHAIRAGARH, Chhattisgarh, India 491881